खण्ड शिक्षा अधिकारी ने विद्यालयों का किया औचक निरीक्षण, परखी व्यवस्थायें

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खण्ड शिक्षा अधिकारी ने विद्यालयों का किया औचक निरीक्षण, परखी व्यवस्थायें
विकासखंड कुठौंद में प्रथम बाल वाटिका सेंटर प्राथमिक विद्यालय शंकरपुर बना
उच्च प्राथमिक विद्यालय की साफ-सफाई तथा फर्नीचर व्यवस्था पर असंतुष्ट दिखे
रामपुरा

कुठौंद जालौन। जनपद जालौन के विकास खंड कुठौंद के ग्राम शंकरपुर के प्राथमिक तथा उच्च प्राथमिक विद्यालयों का औचक निरीक्षण किया। खण्ड शिक्षा अधिकारी शैलेंद्र उत्तम ने आज दिनांक 22 अगस्त दिन सोमवार को शंकरपुर के अंतर्गत आने वाले विद्यालयों का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान ग्राम शंकरपुर के प्राथमिक विद्यालय के प्रधानाध्यापक अजय पाण्डेय, अपर्णा सिंह सहायक अध्यापक, अक्षय कुमार सहायक अध्यापक, रुपाली सहायक अध्यापक, सुप्रिया पाठक शिक्षा मित्र, विश्व मोहिनी आंगनवाड़ी कार्यकत्री प्रथम, माया देवी सहायिका, ममता देवी आंगनवाड़ी कार्यकर्ती द्वितीय, रामदेवी सहायिका आदि विद्यालय में मौजूद मिले। विद्यालय में कुल 115 छात्र-छात्रायें मौजूद मिलें। वही उच्च प्राथमिक विद्यालय शंकरपुर का भी निरीक्षण किया। जिसमें अध्यापकों की उपस्थिति मिली। मिशन कायाकल्प के अंतर्गत विद्यालय में टाइल्स निर्माण तथा फर्नीचर व्यवस्था को सुदृढ़ कराने के लिए प्रधानाध्यापिका मृदुला त्रिपाठी को निर्देश दिए। प्राथमिक विद्यालय में मिशन कायाकल्प के दृष्टिगत विद्यालय परिसर का निरीक्षण किया। भौतिक परिवेश साफ सुथरा मिला। निपुण भारत के अंतर्गत बाल वाटिका की तैयारियों को भी बारीकी से देखा। जिस के संबंध में खंड शिक्षा अधिकारी शैलेंद्र उत्तम से बात करने पर उन्होंने बताया कि प्रा० वि० शंकरपुर में सभी अध्यापकों की उपस्थिति मिली छात्रों की उपस्थिति से भी संतुष्ट थे। भौतिक परिवेश भी साफ सुथरा दिखा। निपुण भारत योजना के अंतर्गत बाल वाटिका सेंटर का विकास खंड में प्रथम संचालन प्रा०वि० शंकरपुर में होना सुनिश्चित किया है। जिसमें आंगनवाड़ी कार्यकत्री विश्वमोहिनी का चयन किया गया है। इस मिशन के बारे में आगे बताते हुए कहा कि मिशन का मुख्य उद्देश्य आधारभूत साक्षरता एवं संख्यात्मक ज्ञान को छात्रों के अंतर्गत विकसित करना है। इस योजना के माध्यम से सन 2026-27 तक तीसरी कक्षा के छात्र को पढ़ने, लिखने एवं अंकगणित को सीखने की क्षमता प्राप्त होगी। यह योजना बच्चों के विकास के लिए बहुत कारगर साबित होगी। उच्च प्राथमिक विद्यालय शंकरपुर की साफ-सफाई आदि से असंतोष व्यक्त किया।